बदायूॅं जनमत। मिड-डे मील (एमडीएम) राशन की कथित कालाबाजारी की शिकायत के बाद हड़कंप मच गया। शिकायत मिलने पर सप्लाई इंस्पेक्टर ने मौके पर पहुंचकर जांच की, जिसमें विद्यालय का 10 कट्टे राशन एक सार्वजनिक स्थान पर रखा हुआ पाया गया।
मामला तब खुला जब किसी व्यक्ति ने इसका वीडियो जारी करते हुए ब्लॉक उसावां क्षेत्र के गांव सिसौरा के विद्यालय का राशन एक सार्वजनिक बैठक में रखे होने का दावा किया। इसका वीडियो बनाकर दातागंज एसडीएम को भेजा गया।
एसडीएम के निर्देश पर सप्लाई इंस्पेक्टर राजेंद्र कुमार तुरंत मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान गांव के अन्य लोग भी मौजूद थे। जांच में पता चला कि विद्यालय के 10 कट्टे राशन एक सार्वजनिक बैठक में रखे थे। ग्रामीणों ने सप्लाई इंस्पेक्टर को बताया कि जिस दिन राशन का वितरण होना था, उस दिन राशन डीलर सुनील कुमार अपनी मां के इलाज के लिए जिला मुख्यालय गए हुए थे।
ग्रामीणों के अनुसार, पड़ोसी होने के नाते एक अन्य राशन डीलर ने सुनील कुमार का राशन रिसीव करके उसे सार्वजनिक बैठक में रख दिया था। जांच के समय ग्राम प्रधान भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने पुष्टि की कि राशन उनकी जानकारी में है। उन्होंने बताया कि राशन डीलर सुनील कुमार की माँ की तबीयत खराब थी और वे एक निजी अस्पताल में इलाज करवा रहे थे, इसलिए वे राशन नहीं उठा सके।

उधर, सप्लाई इंस्पेक्टर राजेंद्र कुमार ने बरामद हुआ राशन ग्राम प्रधान की सुपुर्दगी में दे दिया। जांच पूरी होने के बाद सप्लाई इंस्पेक्टर ने अपनी रिपोर्ट उप जिलाधिकारी को सौंप दी है।

