बदायूॅं जनमत। रमज़ान का चांद नज़र आने पर सहसवान के मोहल्ला शाहबाजपुर स्थित इनायत खां मस्जिद के इमाम मुफ्ती मोहम्मद मुबीन रज़ा ने कहा रमज़ान रहमतों, बरकतों का पाक महीना है। इन दिनों इबादतों में लग जाएं, रसूले पाक सल्लल्लाहो तआला अलैहि वसल्लम ने इरशाद फरमाया कि रब्बे करीम उस शख्स को बहुत सवाब देगा जो एक खजूर या एक घूंट पानी या एक घूंट दूध से किसी रोजेदार को रोजा इफ्तार करवाए।
उन्होंने कहा यह वह महीना है जिसके पहले वाले दस दिन रहमत के होते हैं और बीच वाले दस दिन मगफिरत के और आखिरी दस दिन जहन्नम से आजादी के होते हैं। जो अपने नीचे काम करने वालों से इस महीने में काम कम ले अल्लाह पाक उसे बख़्श देगा। साथ ही उसे जहन्नम से आजाद फरमा देगा। जिसने रोजेदार को पेट भर खिलाया अल्लाह उस शख्स को मेरे हौज़ से एक ऐसा घूंट पिलायेगा जिसे पीने के बाद वह कभी प्यासा ना होगा। यहां तक के वह जन्नत में दाखिल होगा।
मेरे देशवासियों अगर हम इस हदीसे पाक के मजमून को पेशे नजर रखें तो हम बेहतरीन अंदाज में रमजान मुबारक गुजार सकते हैं, क्योंकि इस हदीसे पाक में हमारे लिए जबरदस्त रहनुमाई है कि आखिर हम रमजान कैसे गुजारें। हमें चाहिए कि रमजान के रोजे रखें और तरावीह पढ़ते हुए गुजारे, कसरत से नफ़ली नेकियां करते हुए गुजारे, फर्ज नमाजों की पाबंदी करते हुए गुजारे, गलत बातों पर सब्र करते हुए गुजरें, इस्लामी भाइयों के साथ हमदर्दी और भलाई करते हुए गुजारे, रहमत ए इलाही की तलब में गुजारें, मगफिरत की भीख मांगते हुए गुजारें, जहन्नम से आजादी की इल्तिजा करते हुए गुजारे, रोजेदारों के लिए इफ्तार का एहतिमाम करते हुए गुजारे, इंशाल्लाह इन नेकियां में रमजान मुबारक गुजारेंगे तो रमजान की खूब-खूब बरकतें हासिल होंगी।


