बदायूॅं जनमत। मशहूर ओ मारूफ दरगाह आस्ताना चमनपुरा सहसवान में मिल्ली व मज़हबी कार्कुन व पूर्व जिला पंचायत सदस्य हाफ़िज़ इरफ़ान व सज्जादा नशीन ख़्वाजा हमीदुद्दीन साहब ने संयुक्त रूप से उर्स का पोस्टर जारी किया। इस मौके पर हाफ़िज़ इरफ़ान ने कहा कि भारतीय संस्कृति में दरगाह व खानकाहों से हमेशा वहदानियत के साथ-साथ ग़ंगा जमुनी तहज़ीब का पैग़ाम दिया गया है। आस्ताना चमनपुरा में भी दूर दराज से हिंदू मुसलमान अपनी अपनी अक़ीदत के साथ आकर हाजिरी देते हैं।
साहिब ए सज्जादा अलहाज ख़्वाजा हमीदुद्दीन कादरी ने आयोजन की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि हर साल की तरह इस साल भी उर्स की तैयारियां जोरों पर हैं। उर्स 12, 13 व 14 अगस्त को होने जा रहा है। 12 अगस्त सुबह कुरानख्वानी व महफ़िले मिलाद शरीफ बाद तुआम माहज़र बाद नमाज़े ज़ोहर कुरानख्वानी बाद नमाजे़ असर फातिहांख्वानी बाद नमाज़े मग़रिब तोआम माहज़र बाद नमाज़े इशां तरही मुशायरा, 13 अगस्त सुबह कुरानख्वानी व महफ़िले मिलाद शरीफ बाद तुआम माहज़र बाद नमाज़े ज़ोहर कुरानख्वानी बाद नमाजे़ असर फातिहांख्वानी बाद नमाज़े मग़रिब तोआम माहज़र बाद नमाज़े इशां जलसा वहीं 14 अगस्त सुबह कुरानख्वानी बाद तुआम माहज़र बाद चादर पेशी दरबार शरीफ व 9:45 मिनट पर क़ुल शरीफ बाद महफिल मनाक़िब शरीफ बाद जियारत मुए मुबारक हज़रत मोहम्मद मुस्तफा सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम, व हुजू़र ग़ोसुल आज़म दस्तगीर व सरकार बदरुल हिंद रहमतुल्लाह अलैहि बाद ग़ुस्ल मज़ार शरीफ, लंगर आम व रूख़सती।
इस मौके पर कमाल मियां हाशमी, हिलाल मियां हाशमी, कुमैल मियां हाशमी, मौलाना मुहसिन मियां, अज़हरी हाशमी, शाहनवाज़ बरकाती शब्बू खां, शकील कांट्रेक्टर आदि मौजूद रहे।
